कृषि FAQs

कृषि संबंधी कार्य अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQS)

भारत आयातित खाद्य पदार्थों का उभरता बाजार है। कुछ खुदरा व्यापारी सीधे आयात करते हैं और हम सलाह देते हैं कि आप भरोसेमंद आयातक का पता करें, जिसके पास भारत में स्थापित वितरण नेटवर्क हो। भारत में शुल्क बहुत ज्यादा हैं और कई अमेरिकी उत्पादों की बाजार में अनुमति नहीं है। आप भी भारतीय खाद्य प्रदर्शनियों में यूएसडीए समर्थित मंडपों में भाग लेने पर भी विचार कर सकते हैं अथवा सरकार और क्षेत्रीय व्यापार समूहों द्वारा आयोजित किए जाने वाले खरीददार मिशनों में भाग ले सकते हैं। पृष्ठभूमि जानकारी के लिए हम आपको अपनी वार्षिक एक्सपोर्टर गाइड 2014 देखने की सलाह देंगे।

यूएसडीए की फॉरेन एग्रीकल्चरल सर्विस भारत में एक व्यापार प्रदर्शनी का समर्थन करती है। हमें आपकी कंपनी को सितंबर 2015 में सरकारी यूएसए मंडप, अन्नपूर्णा मुंबई, भारत में आमंत्रित करके खुशी होगी। ऐसे देश में जहां बिजनेस करने के लिए संदर्भ, संपर्क, और व्यक्तिगत संपर्क महत्वपूर्ण है, मेरा विश्वास है कि इस प्रदर्शनी में भाग लेने वाले संभावित खाद्य, पेय और आतिथ्य से जुड़े खरीदारो को अपने उत्पाद से परिचित कराकर भारतीय बाजार में अपनी कंपनी की उपस्थिति दर्ज कराने का शानदार अवसर है। एफएएस कर्मचारी ऑन-साइट सहायता प्रदान करेंगे। अधिक जानकारी के लिए पर एक ईमेल करें।

भारत में 1995 में 200 केंद्र से बढ़कर इस समय लगभग 3,200 आधुनिक खुदरा केंद्र हैं। यद्यपि इन कंपनियों को जटिल और महंगी आपूर्ति श्रृंखला से लेकर अचल-संपत्ति की ऊंची कीमतों की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है, फिर भी कई कंपनियों ने अपना कार्य का विस्तार किया है। हमारी ‘इंडिया रिटेल फूड 2014’ नामक रिपोर्ट उपभोक्ता के लिए तैयार खाद्य उत्पादों के देश के उभरते बाजार की गहरी जांच पड़ताल करती है और उपभोक्ता संख्या और प्राथमिकताओं, सबसे अच्छी संभावनाओं और यहां तक कि ऑनलाइन किराना वस्तुओं के उभरते ऑनलाइन बाजार संबंधी जानकारी प्रदान करती है।

भारत का खाद्य सेवा क्षेत्र लगातार बढ़ रहा है जैसे कि यात्रियों की संख्या बढ़ी है और अधिक उपभोक्ता रेस्टोरेंट में खाना खाते हैं। इस क्षेत्र में मांग को पूरा करने के लिए होटल श्रृंखला और रेस्टोरेंट भारत में अपने कदम बढ़ा रहे हैं, खाने की बदलती आदतों , शहरीकरण, आर्थिक विकास, और बढ़ती आकांक्षाओं से इसको बढ़वा मिला है। हालांकि बाजार में अधिकांशतः परंपरागत खाने की जगहें हैं लेकिन घरेलू उत्पादों, आयातित खाद्य और पेय पदार्थों की मांग बढ़ रही है। खाद्य सेवा के बारे में अधिक जानकारी के लिए हमारी रिपोर्ट ‘इंडिया फूड सर्विस – होटल, रेस्टोरेंट, और इंस्टीट्यूशनल 2014’ बाजार में संभावनाओं की पड़ताल करती है।

बदलती जनसंख्या, मजबूत स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय ब्रांड के विकास, उभरते आधुनिक खुदरा क्षेत्र, और प्रसंस्कृत व डिब्बाबंद खाद्य पदार्थों की उपभोक्ताओं में बढ़ती स्वीकृति के फलस्वरूप भारत के खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र का विस्तार हो रहा है। डिब्बाबंद खाद्य पदार्थों का विक्रय पांच सालों में दोगुना हो गया है। यह 2008 और 2013 के बीच बढ़कर 30 बिलियन डॉलर हो गया है और भविष्य में बढ़ने की पूर्ण संभावना है। हमारी रिपोर्ट ‘इंडिया फूड प्रोसेसिंग इनग्रीडिएंट्स 2014’ इस विकासशील क्षेत्र की पड़ताल करती है।

भारत में जैव-प्रौद्योगिकी द्वारा उत्पन्न फसलें जैसे मक्का, सोयाबीन से (सोयाबीन तेल के अतिरिक्त) निर्मित कृषि उत्पादों के आयात करने की मनाही है। आयातकों को आयात शुरू करने से पूर्व जेनेटिक इंजीनियरिंग अप्राइजल कमेटी से विशेष जैव-प्रौद्योगिकी उत्पाद की स्वीकृति लेना आवश्यक है। अधिक जानकारी के लिए एग्रीकल्चरल बायोटेक्नोलॉजी एनुअल रिपोर्ट देखें।

एनीमल एंड प्लांट हैल्थ इन्सपैक्शन सर्विस (एपीएचआईएस) फलों, सब्जियों से संबंधित फाइटोसैनिटरी (कीटाणुमुक्तता) के मुद्दे सुलझाता है। उत्पाद संबंधी जानकारी के लिए कृपया इस पेज को देखें।

अधिकांश पशु और पशु खाद्य उत्पाद के आयात पर भारतीय आयात आवश्यकताओं के कारण प्रभावी ढंग से प्रतिबंध है। इनमें डेयरी उत्पाद, मुर्गी मांस, मेमना और भेड़ का मांस, समुद्री खाद्य, सुअर मांस उत्पाद और पालतू जानवरों के उत्पाद शामिल हैं। धार्मिक कारणों से गोमांस के आयात पर प्रतिबंध है। वार्षिक एक्सपोर्टर गाइड 2014 देखें।

फूड सेफ्टी एंड स्टेंडर्ड रूल्स, 2011 में प्रवर्तन प्रक्रिया स्थापित करने, प्रौद्योगिकियों की सैंपलिंग, और अन्य कानूनी पहलुओं का प्रावधान हैं। अंतिम फूड सेफ्टी एंड स्टेंडर्ड रूल्स, 2011 का पूर्ण टेक्सट एफएसएसएआई वेबसाइटः Food Safety  and Standard Rules, 20111 पर प्राप्त किया जा सकता है। आयातित खाद्य अनुमति के संबंध में अनौपचारिक निर्देशों के लिए कृपया हमारी फूड एंड एग्रीकल्चरल इम्पोर्ट रेगुलेशंस एंड स्टेंडर्ड्स – नैरेटिव एंड एफएआईआरएस एक्सपोर्ट सर्टीफिकेट रिपोर्ट-2014 देखें।

फूड सिक्यूरिटी एंड स्टेंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एफएसएसएआई) भारत में आयातित खाद्य खेपों की विभिन्न प्रकार की खाद्य पैकेजों की लेबलिंग जरूरतों के लिए बारे में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। फूड सेफ्टी एंड स्टेंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया की वेबसाइट पर दिशा-निर्देश उपलब्ध हैं। आयातित खाद्य अनुमति प्रक्रिया संबंधी दिशा निर्देश (पीडीएफ) देश सकते हैं।