2019 फुलब्राइट फैलोशिप आवेदन सीजन के आरंभ होने की घोषणा

नई दिल्ली | यूनाइटेड स्टेट्स-इंडिया एजुकेशनल फाउंडेशन (USIEF) ने फुलब्राइट-नेहरू, फुलब्राइट-कलाम और अन्य फुलब्राइट फैलोशिप के लिए अपनी वार्षिक प्रतियोगिता आरंभ होने की घोषणा की। इस तरह के आदान-प्रदान ने भारत और अमेरिका के लोगों को ऐसे अवसरों के माध्यम से करीब लाने में मदद की है जो अकादमिक, शोध, शिक्षण और व्यावसायिक साथियों की क्षमता में वृद्धि करते हैं। USIEF द्वारा चलाएं गए आदान-प्रदान और छात्रवृत्ति कार्यक्रमों ने कई क्षेत्रों में मजबूत नेतृत्व का प्रदर्शन किया है, इनमें कृषि, कला, व्यापार, शिक्षा, पर्यावरण, मानविकी और सामाजिक विज्ञान, सार्वजनिक स्वास्थ्य, और विज्ञान और प्रौद्योगिकी शामिल हैं। श्रेष्ठ भारतीय छात्रों, शिक्षाविदों, शिक्षकों, नीति-निर्माताओं, प्रशासकों, और पेशेवरों को इसमें आवेदन करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है ।

फुलब्राइट, फिलाडेल्फिया, फिलीस्तीनी अथॉरिटी के विश्वविद्यालय में एक नेहरू डॉक्टरेट रिसर्च फेलो दीक्षा धर ने कहा, “फुलब्राइट-नेहरू अनुदान पर, मैंने अमेरिका में तीन प्रमुख संमेलनों में भाग लिया और अपने शोध को प्रस्तुत करने का अवसर मिला। इन घटनाओं ने भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय संबंधों को प्रभावित करने वाले विभिन्न मुद्दों पर बातचीत करने के लिए नेटवर्क को एक मंच प्रदान किया। इस समय मैं खूंटी, झारखंड में आदिवासी अध्यापकों और छात्रों के लिए 113 सरकारी स्कूलों में इंग्लिश लैंग्वेज इन्हेंसमेंट प्रोग्राम चलाती हूं।’’

मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, कैंब्रिज, मैसाचुसेट्स की  एक फुलब्राइट-नेहरू शैक्षणिक और व्यावसायिक एक्सीलेंस स्कॉलर उषा रमण ने कहा, “फुलब्राइट-नेहरू अनुदान पर मैं श्रेष्ठ लाइब्रेरी संसाधनों के सुलभता और साथी समूह जिनके साथ मैं अपने विचार साझा कर सकती थी के परिणाम स्वरूप दो शोधपत्रों पर महत्वपूर्ण प्रगति कर सकी।’’

USIEF को 2019 में लगभग 100 फुलब्राइट-नेहरू और छह फुलब्राइट-कलाम जलवायु फैलोशिप प्रस्ताव भारतीय आवेदकों को मिलने की आशा है। फैलोशिप विवरण USIEF वेबसाइट (www.usief.org.in) पर पोस्ट किए गए हैं और आवेदन की पहली समय सीमा 15 जून 2018 है। आवेदक ip@usief.org.in पर अपने प्रश्न भेज सकते हैं या नई दिल्ली, चेंनई, हैदराबाद, कोलकाता, या मुंबई में usief कार्यालयों में किसी एक पर संपर्क कर कर सकते हैं ।